अनिवार्य प्रश्न। ब्यूरो संवाद। वाराणसी। ग्रामीण विकास मंत्रालय भारत सरकार तथा ग्राम्य विकास विभाग उत्तर प्रदेश के संयुक्त तत्वावधान में रूद्राक्ष कन्वेंशन सेंटर, सिगरा में विकसित भारत जी राम जी अधिनियम, 2025 के तहत पंच सम्मेलन का आयोजन किया गया। पंच सम्मेलन को उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने सम्बोधित करते हुए कहा कि हर हर महादेव को उद्घोषित किया। उन्होंने कहा कि पंच सम्मेलन में चार राज्यों उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, बिहार तथा झारखंड के पंचायत प्रमुखों को शामिल किया गया है। उन्होंने कहा आने वाला समय भारत का है तथा उत्तर प्रदेश समेत उत्तर भारत का है। उन्होंने कहा विकसित भारत जी राम जी कानून को बनाने हेतु जब संसद में प्रस्ताव रखा गया तो विपक्ष ने विरोध जरूर किया लेकिन जब उन्होंने इसके उद्देश्यों को जान लिया तब उन्होंने सांकेतिक विरोध किया। ग्रामीणों के स्वरूप को बदलने में पुरानी नरेगा योजना में केवल पैसे की बंदरबांट थी लेकिन वर्तमान योजना में ग्रामों के बुनियादी विकास समेत विकसित पंचायत पर कार्य किया गया है। इस योजना में दवाई, कमाई तथा पढ़ाई की भविष्य की चिंताओं को सम्मिलित किया गया है। इस योजना में पीएम गतिशक्ति को शामिल करते हुए कार्यों के डुप्लीकेसी को रोका गया है। प्रधानमंत्री जी 13 वर्ष मुख्यमंत्री तथा 12 वर्ष प्रधानमंत्री के रूप में कार्य किए हैं, उनका लगातार ध्यान विकसित भारत के तरफ है। उन्होंने सभी से लक्ष्य तय करके कार्य करने हेतु प्रेरित किया। प्रधानमंत्री ने अपने प्रयासों से 25 करोड़ से ज्यादे लोगों को गरीबी रेखा से ऊपर उठाया। उन्होंने पिछली सरकारों के बिना लक्ष्य के विजन को भी आड़े हाथों लेते हुए कहा कि जितने पीएम आवास वर्तमान सरकार में बने उतने आज तक पिछली सरकारों में कभी नहीं बने। आज भूखे पेट कोई नहीं सोता सभी को अन्न योजना से लाभान्वित किया गया है। इलाज के अभाव में किसी को जीवन नहीं खोना पड़ेगा, आयुष्मान योजना से इलाज की व्यवस्था की गई है। उन्होंने सभी पंचायत प्रमुखों से कहा कि आप ऐसा कार्य करें की जिसके ऊपर आप हाथ रखें वहीं प्रधान बने जो की केवल आपके किए कार्यों से तय होगा। उत्तर प्रदेश में एक बड़ी योजना महिला उद्यमी क्रेडिट कार्ड योजना शुरू करने जा रहे हैं। महिला सशक्तिकरण के तरफ हमारा लगातार ध्यान होना चाहिए ताकि आधी आबादी सशक्त हो। परिवारों का ही विकास विकसित भारत का विकास है। हमारा उद्देश्य लगातार जनता की सेवा करना रहा है। कार्य योजना पक्ष – विपक्ष सभी बैठकर बनाएं। 30 लाख से ग्रामों में समूह की फैक्ट्री बनाने का भी कार्य होगा। प्रशासनिक मद छह प्रतिशत से बढ़ाकर नौ प्रतिशत किया गया है। गांवों के विकास का दूरगामी रोडमैप आप विकसित करें। गांव छोड़कर कोई शहर नहीं जाए हम इसपर लगातार कार्य करें। अनेकों योजनाएं गांवों के विकास को लाने हेतु सरकार दृढ़ संकल्पित है। ये सरकार न खाऊंगा न खाने दूंगा पर कार्य कर रही है। गांवों का सर्वांगीण विकास हो यही हमारा लक्ष्य है। उन्होंने वाराणसी में एलिवेटेड सड़कें बनाने हेतु कैबिनेट की मंजूरी एवं 25 हजार करोड़ की धनराशि आवंटित होने पर भी सभी को बधाई दी। उन्होंने कहा कि विकसित भारत तभी संभव है जब विकसित उत्तर प्रदेश विकसित होगा। आज गुंडे उत्तर प्रदेश छोड़कर भाग चुके हैं। आज देश नक्सलवाद से मुक्त हो चुका है, गरीबों के अन्याय को रोका गया। जम्मू कश्मीर से धारा 370 हटाने को भी उन्होंने सरकार की उपलब्धियों में रेखांकित किया। केंद्र सरकार में ग्रामीण विकास राज्य मंत्री कमलेश पासवान ने सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि देश की 70 प्रतिशत आबादी के सम्बन्ध में वार्ता करने हेतु हम काशी की पवित्र धरा पर उपस्थित हैं। उन्होंने ग्रामीण विकास मंत्रालय के कार्यों पर भी सभी का ध्यान खींचा। उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार का तीसरा सबसे बड़ा मंत्रालय ग्रामीण विकास है। जी राम जी योजना से ग्रामीण विकास के अगले पच्चीस वर्षों के विकास को शामिल किया गया है। उन्होंने प्रधानों से मजबूत ग्रामीण विकास की नींव रखने की अपेक्षा की। उन्होंने मनरेगा योजना को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि नरेगा योजना के तहत प्रतिवर्ष एक ही गड्ढे को बार – बार न खोदें बल्कि वर्तमान योजना से मजबूत विकसित पंचायत के तरफ बढ़ें। हमारा यह सामूहिक प्रयास हो कि समूहों के रोजगार को मार्केट देने के तरफ कार्य करें। लगातार सरस मेलों का आयोजन होना चाहिए। वर्तमान सरकार ने अपने कार्यकाल में 23 करोड़ बैंक खाते खोलने का कार्य किया है। पंद्रह साल पहले से वर्तमान काशी में अकल्पनीय, अतुलनीय, अविश्वस्नीय कार्य हुए हैं। विश्वनाथ कारीडोर बनने के बाद काशी की दिशा बदल गई है। वर्तमान में काशी में 15 करोड़ से ज्यादे श्रद्धालु प्रतिवर्ष काशी आ रहे हैं। काशी की पूरी व्यवस्था की बदलने का कार्य हुआ है। सड़कें, एयर कनेक्टिविटी भी उच्च स्तर पर विकसित हुए हैं। बाबा विश्वनाथ की धरती से उन्होंने सभी से प्रार्थना की कि योजना को अनुसरण करते हुए आप विकसित पंचायत के तरफ अग्रसर हों। आयुक्त ग्राम्य विकास जी एस प्रियदर्शी ने कहा कि एक जुलाई 2026 को लागू किए गए कानून के तहत प्रथम पंच सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है। इसके तहत पंचायत अध्यक्षों से सीधे वार्ता की जाएगी। उन्होंने बताया अब रोजगार की 100 दिन की गारंटी को बढ़ाकर 125 दिन कर दिया गया है जिसके तहत बुनियादी रोजगार को भी इसमें सम्मिलित किया गया है। संयुक्त सचिव, ग्रामीण विकास भारत सरकार सुश्री रोहिणी आर जी ने सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि देश के स्तर पर प्रथम सम्मेलन वाराणसी में आयोजित हो रहा है जिसमें मै सभी अतिथियों का स्वागत करती हूं। सम्मेलन में उत्तर प्रदेश, बिहार तथा झारखंड से भारी संख्या में पंचायत प्रमुखों को शामिल किया गया है। विकसित भारत जी राम जी अधिनियम एक जुलाई से देश के 2.8 लाख ग्रामों में एक साथ लागू किया गया जिसमें ये प्रावधान किया गया कि श्रमिकों को एक दिन भी बिना रोजगार के न बैठना पड़े इसकी व्यवस्था इसमें की गई है। आगे जाकर पंचायत की यह जिम्मेदारी है कि हम पंचायत को विकसित बनाने के प्रावधान बनाएं। उन्होंने बताया कि पिछले दो सप्ताह में दो करोड़ से ज्यादे रोजगार सृजित किए गए हैं। कार्यक्रम में प्रमुख रूप से उत्तर प्रदेश सरकार में उप मुख्यमंत्री एवं मंत्री ग्राम्य विकास केशव प्रसाद मौर्य, केंद्र सरकार में ग्रामीण विकास राज्य मंत्री कमलेश पासवान, एमएसएमई राज्य मंत्री हंसराज विश्वकर्मा, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती पूनम मौर्य, सदस्य विधान परिषद राय धर्मेंद्र सिंह, विधायक सौरभ श्रीवास्तव, त्रिभुवन राम, संयुक्त सचिव, ग्रामीण विकास भारत सरकार सुश्री रोहिणी आर, आयुक्त ग्रामीण विकास विभाग उत्तर प्रदेश जी एस प्रियदर्शी, जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार, मुख्य विकास अधिकारी प्रखर कुमार, डीसी एनआरएलएम पवन सिंह समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी तथा भारी संख्या में पंचायत प्रमुख शामिल रहे। Post navigation बेगूसराय में आयुर्वेद महाविद्यालय निर्माण अंतिम चरण में फुलपुर थाना क्षेत्र में पुलिस का सघन चेकिंग अभियान, बिना नंबर प्लेट और तीन सवारी वाहनों पर हुई कार्रवाई