अनिवार्य प्रश्न। ब्यूरो संवाद। वाराणसी। सोनम वांगचुक के समर्थन और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर बीएचयू में छात्रों ने विश्वनाथ मंदिर से महिला महाविद्यालय तक न्याय मार्च निकाला। करीब 3000 से ज्यादा छात्र- छात्राओं और सुरक्षाकर्मियों के बीच घंटों नोकझोंक हुई। पोस्टर और तख्तियां लेकर आए छात्रों और डंडा लिए सुरक्षाकर्मियों के बीच जमकर धक्कामुक्की हुई और कई छात्र और छात्राएं इस दौरान नीचे गिरकर भीड़ में दब गए। परिसर में खड़ी वाहनों के ऊपर और दीवारों पर चढ़कर छात्रों ने सोनम वांगचुक का समर्थन और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की। विश्वनाथ मंदिर से लेकर महिला महाविद्यालय निकली “छात्र न्याय मार्च” निकाला गया। छात्रों ने आंदोलन की सूचना पहले ही पुलिस को दी थी, लेकिन अचानक से इतनी भीड़ जुट जाएगी ऐसी उम्मीद नहीं थी। बता दें कि देशभर में हाल के दिनों में सोनम वांगचुक के समर्थन और शिक्षा व्यवस्था में जवाबदेही की मांग को लेकर प्रदर्शन हुए हैं। मार्च में शामिल छात्रों ने हाथों में तख्तियां और बैनर लेकर शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता, निष्पक्ष भर्ती एवं परीक्षा प्रणाली की मांग उठाई। छात्र नेता रंजीत यादव ने कहा कि देश का छात्र अपने भविष्य की सुरक्षा और शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता की मांग कर रहा है। रंजीत यादव ने कहा जब तक शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान अपने पद से इस्तीफा नहीं देते और परीक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार सुनिश्चित नहीं किया जाता, तब तक हमारा आंदोलन लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण तरीके से जारी रहेगा। यह भी कहा कि देश के युवाओं के भविष्य से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। Post navigation पहाड़ी राज्यों में मानसून का कहर घाटी से पूर्वाेत्तर तक भूस्खलन-बाढ़ ने मचाई तबाही, जम्मू-कश्मीर में 23 की मौत भदोही में शिवपाल यादव का फूल मालाओं से हुआ स्वागत