अनिवार्य प्रश्न। संवाद। नई दिल्ली। संसद के मानसून सत्र के दूसरे दिन भी विपक्ष ने जोरदार हंगामा किया। विपक्ष पेपर लीक और सीजेपी के प्रदर्शन पर चर्चा की मांग पर अड़ा रहा। बाद में दोनों सदनों की कार्यवाही 12 बजे तक के लिए स्थगित कर ली गई। संसद के निचले सदन में हंगामे के बीच विपक्ष के नेता राहुल गांधी के नेतृत्व में विपक्षी सांसदों ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से मुलाकात की। इस दौरान विपक्षी सांसदों ने सदन की कार्यवाही और उठाए जा रहे मुद्दों को लेकर अपनी बात रखी। कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे ने नीट परीक्षा और पेपर लीक के मुद्दे को लेकर सरकार पर हमला बोला। खरगे ने कहा, जो छात्र पेपर लीक और नीट परीक्षा को लेकर अपनी आवाज उठा रहे हैं, उन पर लाठीचार्ज किया गया और आंसू गैस के गोले छोड़े गए। वे अस्पतालों में हैं। उनकी समस्याएं सुनी जानी चाहिए। खरगे के इस बयान के दौरान सदन में हंगामा शुरू हो गया। इसके बाद राज्यसभा की कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई। कांग्रेस सांसद हिबी ईडन ने पेपर लीक पर लोकसभा में दिया स्थगन प्रस्ताव नोटिससंसद के मानसून सत्र के दौरान कांग्रेस सांसद हिबी ईडन ने लोकसभा में स्थगन प्रस्ताव का नोटिस दिया है। उन्होंने राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) की ओर से आयोजित राष्ट्रीय प्रवेश परीक्षाओं में बार-बार हो रहे पेपर लीक और परीक्षा में गड़बड़ियों के मुद्दे को उठाया है। हिबी ईडन ने इस मामले पर सदन में चर्चा कराने की मांग की है। राज्यसभा सभापति ने मल्लिकार्जुन खरगे को जन्मदिन की शुभकामनाएं दीं मानसून सत्र के दौरान राज्यसभा के सभापति ने विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे को जन्मदिन की शुभकामनाएं दीं। राज्यसभा सभापति ने खरगे के अच्छे स्वास्थ्य, खुशहाली और लंबी उम्र की कामना की। राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) संसदीय दल की बैठक के बाद केंद्रीय मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (एलजेपी) के अध्यक्ष चिराग पासवान ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के युवाओं और उन्हें सही मार्गदर्शन मिलने की जरूरत पर बात की। चिराग पासवान ने कहा कि प्रधानमंत्री ने देश के उन युवाओं के अनुभव भी साझा किए, जिन्होंने न सिर्फ देश में बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी भारत का नाम रोशन किया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने युवाओं के भविष्य को लेकर भी अपने विचार रखे। संसद के मानसून सत्र की दिन की कार्यवाही शुरू होने से पहले इंडिया ब्लॉक के नेताओं ने बैठक की। इस बैठक में कांग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष सोनिया गांधी, लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी, एनसीपी (शरद पवार गुट) की सांसद सुप्रिया सुले समेत कई नेता मौजूद रहे। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे भी इस बैठक में शामिल हुए। बैठक में संसद सत्र के दौरान विपक्ष की रणनीति और उठाए जाने वाले मुद्दों पर चर्चा की गई। संजय सिंह ने नीट-यूजी पेपर लीक और सोनम वांगचुक की सेहत पर चर्चा की मांग कीआम आदमी पार्टी (आप) के सांसद संजय सिंह ने सोमवार को राज्यसभा में नियम 267 के तहत नोटिस दिया। इसमें उन्होंने सदन की दिनभर की कार्यवाही रोककर नीट-यूजी पेपर लीक के आरोपों, सार्वजनिक परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता, प्रदर्शनकारियों पर पुलिस कार्रवाई और सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की बिगड़ती सेहत जैसे मुद्दों पर चर्चा कराने की मांग की। राज्यसभा महासचिव को दिए गए नोटिस में संजय सिंह ने कहा कि यह मुद्दा तत्काल सार्वजनिक महत्व का है। उन्होंने सदन की तय कार्यवाही को स्थगित कर इस विषय पर चर्चा कराने की मांग की। नीट-यूजी विवाद का जिक्र करते हुए संजय सिंह ने कहा कि राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) की ओर से 3 मई 2026 को आयोजित परीक्षा को बड़े स्तर पर पेपर लीक और गड़बड़ियों के आरोपों के बाद रद्द करना पड़ा। इसके बाद पूरे देश में दोबारा परीक्षा करानी पड़ी। उन्होंने कहा कि पिछले नौ वर्षों में यह कथित तौर पर नीट पेपर लीक का चौथा मामला है। इससे भारत की सार्वजनिक परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता और पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं। संसद के मानसून सत्र के दौरान मंगलवार को लोकसभा में सुप्रीम कोर्ट (जजों की संख्या) संशोधन विधेयक, 2026 पर चर्चा होगी और इसे पारित करने के लिए पेश किया जाएगा। एक दिन पहले केंद्रीय कानून और न्याय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने यह विधेयक सदन में पेश किया था। डीएमके सांसद तिरुचि शिवा ने मेकेदातु बांध परियोजना पर चर्चा के लिए राज्यसभा में दिया नोटिसद्रविड़ मुनेत्र कड़गम (डीएमके) के राज्यसभा सांसद तिरुचि शिवा ने कावेरी नदी पर प्रस्तावित मेकेदातु संतुलन जलाशय परियोजना और इससे तमिलनाडु पर पड़ने वाले प्रभाव को लेकर चर्चा की मांग की है। उन्होंने राज्यसभा में नियम 267 के तहत नोटिस दिया है। इस नोटिस में उन्होंने सदन की दिनभर की कार्यवाही रोककर इस मुद्दे पर चर्चा कराने की मांग की है। राज्यसभा महासचिव को दिए गए अपने नोटिस में तिरुचि शिवा ने 21 जुलाई की कार्यसूची में शामिल अन्य सभी कामों के साथ-साथ नियम 15, 23 और 51 को स्थगित करने की मांग की है, ताकि इस मुद्दे पर चर्चा हो सके। नोटिस में कहा गया है कि चर्चा कावेरी नदी पर प्रस्तावित मेकेदातु संतुलन जलाशय परियोजना, इससे प्रभावित राज्य तमिलनाडु पर पड़ने वाले असर और इस मामले में एक न्यायाधिकरण के गठन की जरूरत को लेकर होनी चाहिए। Post navigation एनडीए की बैठक में बोले पीएम मोदी- नीट परीक्षा के प्रश्नपत्र लीक होने से रोकने के लिए उठाए सख्त कदम महापंचायत के लिए किसानों का दिल्ली कूच, शंभू बॉर्डर सील