अनिवार्य प्रश्न। ब्यूरो संवाद। वाराणसी। अधिवक्ता शशांक शेखर त्रिपाठी, संयोजकदृभारतीय जनता पार्टी विधि प्रकोष्ठ, काशी क्षेत्र एवं वरिष्ठ उपाध्यक्षदृदी बनारस बार एसोसिएशन, वाराणसी ने उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) को एक विस्तृत प्रार्थना-पत्र प्रेषित कर श्रीराम जन्मभूमि दान/चढ़ावा प्रकरण की निष्पक्ष एवं पारदर्शी जांच सुनिश्चित करने की मांग की है। इसकी प्रतिलिपि मुख्यमंत्री कार्यालय, मुख्य सचिव, अपर मुख्य सचिव (गृह), जिलाधिकारी अयोध्या तथा वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अयोध्या को भी भेजी गई है। प्रार्थना-पत्र में शशांक शेखर ने कहा है कि इस प्रकरण को लेकर कई राष्ट्रीय एवं क्षेत्रीय नेताओं, सामाजिक एवं धार्मिक व्यक्तियों तथा अन्य सार्वजनिक हस्तियों द्वारा मीडिया, प्रेस वार्ताओं और सोशल मीडिया के माध्यम से गंभीर आरोप लगाए गए हैं। ऐसी स्थिति में निष्पक्ष जांच का तकाज़ा है कि जिन व्यक्तियों ने सार्वजनिक रूप से आरोप लगाए हैं, उन्हें सम्मानपूर्वक नोटिस जारी कर उनके बयान दर्ज किए जाएं तथा उनसे उपलब्ध दस्तावेज, ऑडियो-वीडियो, इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड और अन्य साक्ष्य जांच एजेंसी के समक्ष प्रस्तुत करने को कहा जाए। उन्होंने विशेष रूप से अखिलेश यादव, संजय सिंह, अरविंद केजरीवाल, प्रियंका गांधी वाड्रा, स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सहित अन्य संबंधित व्यक्तियों से भी जांच में सहयोग लेकर उपलब्ध साक्ष्यों का परीक्षण कराने की मांग की है। शशांक शेखर ने स्पष्ट किया कि उनका उद्देश्य किसी व्यक्ति विशेष का उत्पीड़न नहीं, बल्कि सत्य की स्थापना, कानून के शासन की रक्षा तथा करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़े इस महत्वपूर्ण प्रकरण की निष्पक्ष, पारदर्शी और तथ्याधारित जांच सुनिश्चित कराना है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि एसआईटी सभी उपलब्ध साक्ष्यों का निष्पक्ष मूल्यांकन कर सत्य को देश के सामने लाएगी। Post navigation वृक्षारोपण महायज्ञ केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि प्रकृति और मानवता के प्रति हम सभी की नैतिक जिम्मेदारी है.प्रो मिथिलेश सिंह वाराणसी न्यायालय परिसर में एसी, मेडिकल इमरजेंसी व आधारभूत सुविधाओं की मांग, अधिवक्ता शशांक शेखर त्रिपाठी ने मुख्य न्यायाधीश सहित अधिकारियों को भेजा ई-मेल प्रार्थना पत्र