अनिवार्य प्रश्न। संवाद। लखनऊ। उत्तर प्रदेश विधान परिषद के मानसून सत्र के दौरान आज नेता सदन एवं उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने माननीय सभापति के समक्ष सदन की कार्यवाही के दौरान विधेयक संख्या-11 के साथ विनियोग विधेयक अनुमोदन हेतु प्रस्तुत किये, मा0 सभापति जी द्वारा विचारोपरांत विधान परिषद ने अपनी स्वीकृति प्रदान की। इसके उपरांत उत्तर प्रदेश विधानसभा द्वारा वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए पारित ₹59,019.54 करोड़ के अनुपूरक बजट को विधान परिषद द्वारा स्वी कृति प्रदान की गयी।। इस अनुपूरक बजट में ग्राम्य विकास विभाग के लिए ₹17,942.73 करोड़ का महत्वपूर्ण प्रावधान पारित किया गया, जिससे प्रदेश में ग्रामीण आधारभूत संरचना, विकास योजनाओं तथा जनकल्याणकारी कार्यक्रमों को गति मिलेगी। उत्तर प्रदेश मदरसा विधेयक, 2016, मा0 राज्यपाल की अनुमति हेतु भेजा गया था तथा संविधान के अनुच्छेद-175(2) सहपठित अनुच्छेद-200 के अंतर्गत मा0 राज्यपाल के संदेश सहित पुनर्विचार के भेजा गया प्रस्ताोव को वापस लिया गया। मौर्य ने 5 अगस्त के ऐतिहासिक महत्व का उल्लेख करते हुए कहा कि इसी दिन जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाने का ऐतिहासिक निर्णय लागू हुआ तथा अयोध्या में भगवान श्रीराम मंदिर के निर्माण हेतु भूमिपूजन भी संपन्न हुआ, जो भारत के इतिहास के महत्वपूर्ण अध्याय हैं। अपने संबोधन में मौर्य ने आगामी 15 अगस्त, 2026 को मनाए जाने वाले स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर देश के अमर बलिदानियों को श्रद्धापूर्वक नमन करते हुए समस्त देशवासियों को राष्ट्र की एकता, अखंडता एवं समृद्धि के लिए हार्दिक शुभकामनाएं एवं बधाई दी। कार्यवाही के दौरान नेता सदन केशव प्रसाद मौर्य ने नेता प्रतिपक्ष लाल बिहारी यादव द्वारा सदन में की गई अभद्रता की निंदा करते हुए निंदा प्रस्ताव प्रस्तुत किया, जिसे माननीय सभापति ने स्वीकार कर लिया। इस अवसर पर नेता सदन केशव प्रसाद मौर्य ने अपने संबोधन में माननीय सभापति का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उन्होंने पूरे मानसून सत्र के दौरान सदन का अत्यंत कुशल, निष्पक्ष एवं गरिमापूर्ण संचालन किया। उन्होंने कहा कि सभापति द्वारा सत्ता पक्ष और विपक्ष के मध्य उत्कृष्ट संतुलन स्थापित करते हुए सभी सदस्यों को अपने विचार रखने का समान अवसर प्रदान किया गया, जो संसदीय लोकतंत्र की स्वस्थ परंपराओं का उत्कृष्ट उदाहरण है। मौर्य ने सदन में सहयोग के लिए विभिन्न दलों के नेताओं एवं सदस्यों आशीष पटेल (अपना दल), संजय कुमार निषाद (निर्बल इंडियन शोषित हमारा आम दल), अक्षय प्रताप सिंह (जनसत्ता दल लोकतांत्रिक), बिच्छेलाल राम (सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी), योगेश चौधरी (राष्ट्रीय लोकदल), राज बहादुर सिंह चंदेल (निर्दलीय समूह), ध्रुव कुमार त्रिपाठी (शिक्षक दल) सहित अपने दल के सभी माननीय सदस्यों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि सभी सदस्यों ने सदन की गरिमा के अनुरूप अपने विचार रखे तथा संसदीय लोकतंत्र की गौरवशाली परंपराओं का निर्वहन किया। धन्यीवाद । उन्होंने लोकतंत्र के चौथे स्तंभ मीडिया की भूमिका की भी सराहना करते हुए प्रिंट मीडिया, इलेक्ट्रॉनिक मीडिया, दूरदर्शन, आकाशवाणी, डिजिटल मीडिया, पत्रकारों, प्रेस फोटोग्राफरों तथा उनके सहयोगियों का आभार व्यक्त किया। मीडिया सदन की कार्यवाही और लोकतांत्रिक विमर्श को जन-जन तक पहुंचाने का महत्वपूर्ण कार्य करता है, जिसके लिए सभी पत्रकार बंधु बधाई एवं धन्यवाद के पात्र हैं। Post navigation हर घर तिरंगा अभियान को लेकर भाजपा महानगर की महत्वपूर्ण बैठक संपन्न चुनाव से पहले अखिलेश ने अयोध्या सीट पर चला दांव